दुबई, 4 सितंबर 2026। भारतीय महिला क्रिकेट टीम की स्टार बल्लेबाज स्मृति मंधाना ने महिला एशिया कप 2026 में हांगकांग चीन के खिलाफ ऐसी तूफानी पारी खेली कि रिकॉर्ड बुक के कई पन्ने एक साथ बदल गए। दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में मंधाना ने महज 64 गेंदों पर 124 रन ठोक दिए। उनकी पारी में 14 चौके और 7 छक्के शामिल रहे। इस शानदार पारी के दौरान उन्होंने महिला इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाली बल्लेबाज बनने के साथ-साथ सबसे ज्यादा अंतरराष्ट्रीय शतक लगाने का रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया।
शतक के साथ रिकॉर्ड्स की लगी झड़ी
स्मृति मंधाना ने हांगकांग के खिलाफ अपने टी20 इंटरनेशनल करियर का दूसरा शतक लगाया। उनका पहला टी20 इंटरनेशनल शतक इंग्लैंड के खिलाफ 2025 में आया था, जब उन्होंने 112 रन की पारी खेली थी। हांगकांग के खिलाफ 124 रन बनाते ही मंधाना भारत की पहली महिला क्रिकेटर बन गईं, जिनके नाम दो टी20 इंटरनेशनल शतक दर्ज हैं। इससे पहले भारतीय महिला टीम की किसी बल्लेबाज ने टी20 इंटरनेशनल में दो शतक नहीं लगाए थे।
यह पारी सिर्फ भारत के लिए एक बड़ी बल्लेबाजी पारी नहीं थी, बल्कि महिला क्रिकेट के इतिहास में भी बेहद खास बन गई। मंधाना ने इस पारी के दौरान कई दिग्गज खिलाड़ियों को पीछे छोड़ दिया।
मिताली राज का बड़ा रिकॉर्ड टूटा
मंधाना की 124 रन की पारी ने उन्हें महिला इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाली बल्लेबाज बना दिया। इस मुकाबले से पहले यह रिकॉर्ड भारत की पूर्व कप्तान मिताली राज के नाम था।
मिताली राज ने अपने अंतरराष्ट्रीय करियर में कुल 10,868 रन बनाए थे। मंधाना ने हांगकांग के खिलाफ अपनी पारी के दौरान इस आंकड़े को पीछे छोड़ दिया। अब वह महिला इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाली बल्लेबाज बन गई हैं।
महिला इंटरनेशनल क्रिकेट में सर्वाधिक रन के मामले में मंधाना के बाद मिताली राज, न्यूजीलैंड की सूजी बेट्स, इंग्लैंड की शार्लेट एडवर्ड्स और वेस्टइंडीज की स्टेफनी टेलर जैसी दिग्गज बल्लेबाजों का नाम आता है।
18वां अंतरराष्ट्रीय शतक, मेग लैनिंग भी पीछे
मंधाना ने अपनी 124 रन की पारी के दौरान एक और बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम किया। यह उनका महिला इंटरनेशनल क्रिकेट में 18वां शतक था।
इससे पहले ऑस्ट्रेलिया की पूर्व कप्तान मेग लैनिंग और दक्षिण अफ्रीका की लौरा वोल्वार्ड्ट के नाम 17-17 अंतरराष्ट्रीय शतक थे। मंधाना ने 18वां शतक लगाकर दोनों को पीछे छोड़ दिया और महिला इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा शतक लगाने वाली बल्लेबाज बन गईं।
इस तरह एक ही पारी में मंधाना ने रन और शतक दोनों के मामले में नया मुकाम हासिल कर लिया।
महिला टी20 एशिया कप का सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर
हांगकांग के खिलाफ 124 रन की पारी ने मंधाना को महिला टी20 एशिया कप में सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर बनाने वाली बल्लेबाज भी बना दिया।
इससे पहले यह रिकॉर्ड श्रीलंका की कप्तान चमारी अटापट्टू के नाम था, जिन्होंने 2024 में मलेशिया के खिलाफ नाबाद 119 रन बनाए थे। मंधाना ने 124 रन बनाकर इस रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया।
यानी दुबई में खेली गई यह पारी मंधाना के लिए सिर्फ शतक नहीं थी, बल्कि रिकॉर्ड पर रिकॉर्ड बनाने वाली ऐतिहासिक पारी साबित हुई।
‘मुझे नहीं पता कि ये सब हो गया’
इतने सारे रिकॉर्ड अपने नाम करने के बाद जब स्मृति मंधाना से उनके रिकॉर्ड के बारे में पूछा गया तो उनका जवाब काफी हैरान करने वाला था।
मंधाना ने कहा कि उन्हें पता ही नहीं था कि उनकी इस पारी के दौरान इतने सारे रिकॉर्ड टूट गए हैं। उन्होंने कहा कि उनका ध्यान सिर्फ बल्लेबाजी करने और टीम के लिए योगदान देने पर था।
मंधाना ने हांगकांग की गेंदबाजों की भी तारीफ की। उन्होंने कहा कि पावरप्ले के दौरान हांगकांग ने अनुशासित गेंदबाजी की और जिस ऊर्जा के साथ टीम ने खेला, उससे भारतीय टीम भी सीख सकती है।
उन्होंने यह भी बताया कि शुरुआत में पिच पर गेंद कुछ नीचे रह रही थी, लेकिन एक बार आंखें जमने के बाद बल्लेबाजी आसान होती चली गई।
मंधाना ने परिवार को दिया उपलब्धि का श्रेय
ऐतिहासिक पारी के बाद मंधाना ने अपनी इस उपलब्धि को अपने परिवार को भी समर्पित किया। उनका मानना रहा है कि उनके क्रिकेट सफर में परिवार का योगदान बेहद महत्वपूर्ण रहा है।
मंधाना ने 2013 में भारतीय महिला टीम के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया था। इसके बाद वह भारतीय क्रिकेट की सबसे भरोसेमंद और लोकप्रिय बल्लेबाजों में शामिल हो गईं।
महिला क्रिकेट में लगातार अपनी पहचान मजबूत करने वाली मंधाना अब उन चुनिंदा खिलाड़ियों में शामिल हो चुकी हैं जिन्होंने तीनों अंतरराष्ट्रीय फॉर्मेट में शतक लगाए हैं।
भारत ने बनाया 193 रन का बड़ा स्कोर
मंधाना की 124 रन की पारी की बदौलत भारत ने हांगकांग के खिलाफ पहले बल्लेबाजी करते हुए निर्धारित 20 ओवर में 193 रन पर 5 विकेट का मजबूत स्कोर खड़ा किया।
मंधाना के अलावा शेफाली वर्मा ने भी तेजी से 28 रन बनाए। हालांकि भारत की पारी का सबसे बड़ा आकर्षण पूरी तरह स्मृति मंधाना ही रहीं। उन्होंने शुरुआत से ही आक्रामक बल्लेबाजी की और हांगकांग के गेंदबाजी आक्रमण पर दबाव बनाए रखा।
गेंदबाजों ने भी किया शानदार प्रदर्शन
बल्लेबाजों के बाद भारतीय गेंदबाजों ने भी शानदार प्रदर्शन किया। हांगकांग की टीम भारत के बड़े स्कोर के सामने संघर्ष करती नजर आई और भारतीय गेंदबाजों ने नियमित अंतराल पर विकेट निकालते हुए मुकाबले को एकतरफा बना दिया।
स्पिन गेंदबाज दीप्ति शर्मा ने तीन विकेट लेकर हांगकांग की बल्लेबाजी को झटका दिया। भारत ने मुकाबले में शानदार जीत दर्ज करते हुए महिला एशिया कप के अगले चरण में अपनी जगह पक्की कर ली।
पाकिस्तान के खिलाफ मुकाबले से पहले बड़ा आत्मविश्वास
हांगकांग के खिलाफ शानदार जीत और मंधाना की ऐतिहासिक पारी भारतीय टीम के लिए खास समय पर आई है। एशिया कप में भारत का अगला बड़ा मुकाबला पाकिस्तान के खिलाफ होना है।
टूर्नामेंट में आगे बढ़ने से पहले मंधाना का फॉर्म में लौटना भारतीय टीम के लिए बेहद अहम माना जा रहा है। उनकी 124 रन की पारी ने न सिर्फ टीम को मजबूत स्कोर तक पहुंचाया, बल्कि यह भी दिखाया कि वह बड़े मुकाबलों से पहले अपनी लय हासिल कर चुकी हैं।
एक पारी, कई इतिहास
स्मृति मंधाना की हांगकांग के खिलाफ यह पारी महिला क्रिकेट के इतिहास में लंबे समय तक याद रखी जाएगी। 64 गेंदों पर 124 रन, 14 चौके और 7 छक्के के साथ उन्होंने एक ही मुकाबले में कई बड़े रिकॉर्ड अपने नाम किए।
महिला इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन, सबसे ज्यादा अंतरराष्ट्रीय शतक और महिला टी20 एशिया कप का सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर—इन उपलब्धियों ने मंधाना को एक बार फिर विश्व क्रिकेट की रिकॉर्ड बुक में सबसे ऊपर पहुंचा दिया।
सबसे खास बात यह रही कि इतने बड़े रिकॉर्ड बनाने के बावजूद मंधाना खुद इस उपलब्धि से अनजान थीं। उनका पूरा ध्यान सिर्फ बल्लेबाजी और टीम के लिए योगदान देने पर था। यही सहजता उनकी ऐतिहासिक पारी को और खास बना देती है।
