धार, मध्य प्रदेश | 23 अक्टूबर 2026
मध्य प्रदेश के धार जिले से सड़क पर विवाद के दौरान हैरान करने वाली घटना सामने आई है। कुक्षी क्षेत्र में एक कार चालक पर आरोप है कि उसने पहले सड़क पर पैदल जा रहे बुजुर्ग को टक्कर मारी और फिर विरोध करने पर विवाद बढ़ गया। कुछ देर बाद चालक ने कार आगे बढ़ा दी, जिससे बुजुर्ग और उनका बेटा वाहन के बोनट पर जा गिरे। इसके बावजूद चालक ने कार नहीं रोकी और दोनों को करीब चार किलोमीटर तक बोनट पर लटकाकर ले जाता रहा।
पिता-पुत्र लगातार चालक से गाड़ी रोकने की गुहार लगाते रहे। उनकी आवाज सुनकर स्थानीय लोग कार के पीछे दौड़े और लोनी फाटे के पास वाहन रुकवाकर दोनों को बचाया। घटना 21 अक्टूबर 2026 की रात करीब आठ बजे की बताई गई है। पुलिस ने कार जब्त कर आरोपी चालक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की चार धाराओं में मामला दर्ज किया है।
मामूली सड़क विवाद ने लिया खतरनाक रूप
पुलिस के अनुसार, घटना कुक्षी थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर-2 स्थित सुतार मोहल्ले की है। शिकायतकर्ता बाबूलाल भूराजी रात में पैदल अपने घर की ओर जा रहे थे। इसी दौरान MP-13-ZL-8063 नंबर की कार ने उन्हें टक्कर मार दी।
बाबूलाल ने चालक को रोककर ठीक से वाहन चलाने के लिए कहा। आरोप है कि इस बात पर चालक उनसे विवाद करने लगा और मारपीट की। इसी बीच बाबूलाल का बेटा भारत भी मौके पर पहुंच गया।
विवाद के दौरान भारत ने कथित तौर पर चालक की हरकत की तस्वीर लेने की कोशिश की। इसी समय चालक ने कार आगे बढ़ा दी और देखते ही देखते मामला जानलेवा स्थिति में पहुंच गया।
कार के बोनट पर गिरे पिता-पुत्र, फिर भी नहीं रोका वाहन
बताया गया है कि कार आगे बढ़ने पर बाबूलाल और उनका बेटा भारत बोनट पर जा गिरे। दोनों ने खुद को संभालने की कोशिश की, लेकिन कार चलती रही।
रिपोर्ट के अनुसार, पिता-पुत्र चालक से बार-बार गुहार लगाते रहे कि वह गाड़ी रोक दे, क्योंकि उनकी जान को खतरा था। इसके बावजूद चालक ने वाहन नहीं रोका और उन्हें बोनट पर लटकाए हुए आगे बढ़ता रहा।
कार की रफ्तार और सड़क पर बने हालात के बीच दोनों के लिए खुद को सुरक्षित रखना मुश्किल हो रहा था। यदि वे बोनट से नीचे गिर जाते, तो गंभीर हादसा हो सकता था।
ग्रामीणों ने पीछा कर लोनी फाटे के पास रुकवाई कार
पिता-पुत्र की आवाज सुनकर आसपास के लोग सक्रिय हुए। कुछ स्थानीय लोगों ने कार का पीछा शुरू किया। करीब चार किलोमीटर आगे लोनी फाटे के पास वाहन को रुकवाया गया, जिसके बाद दोनों को बचाया जा सका।
इस घटना में बाबूलाल के दाहिने हाथ की उंगलियों और पंजे, दाहिने घुटने तथा पसलियों में चोटें आने की जानकारी सामने आई है। उनके बेटे भारत की दाहिनी कलाई, एक उंगली और बाएं घुटने में चोट लगी।
घटना के बाद दोनों ने पुलिस से शिकायत की। ग्रामीणों के समय पर हस्तक्षेप से दोनों की जान बच सकी।
चालक के नशे में होने की भी चर्चा
मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, स्थानीय लोगों ने चालक के शराब के नशे में होने की आशंका जताई थी। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टों में पुलिस की ओर से इस बात की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
रिपोर्ट के अनुसार, कार में सवार लोग इंदौर से डही क्षेत्र में अपने रिश्तेदारों से मिलने आए थे और रात में वापस लौट रहे थे। विवाद की परिस्थितियों और चालक की भूमिका की जांच की जा रही है।
पुलिस ने कार जब्त कर दर्ज किया मामला
घटना सामने आने के बाद पुलिस ने संबंधित कार को जब्त कर लिया और चालक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की चार धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज किया। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद यह मामला चर्चा में आया। हालांकि, वायरल वीडियो में दिखने वाली घटनाओं के साथ-साथ पुलिस जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही मामले के सभी पहलुओं की पुष्टि की जा सकेगी।
सड़क पर गुस्सा बन सकता है जानलेवा
धार की यह घटना सड़क पर मामूली विवाद के गंभीर और खतरनाक रूप लेने की चेतावनी देती है। यातायात से जुड़े विवाद में वाहन को हथियार की तरह इस्तेमाल करना दूसरों की जान को जोखिम में डाल सकता है।
विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसी स्थिति में विवाद बढ़ाने के बजाय सुरक्षित दूरी बनाना, जरूरत पड़ने पर पुलिस को सूचना देना और किसी भी तरह की हिंसक प्रतिक्रिया से बचना जरूरी है।
इस मामले में अब पुलिस जांच के निष्कर्ष और आरोपी के खिलाफ आगे होने वाली कार्रवाई महत्वपूर्ण होगी।
