वडनगर-वाराणसी सेवा यात्रा में युवाओं से जुड़े पीएम मोदी, सेवा और विकसित भारत पर दिया संदेश

नई दिल्ली, 25 सितंबर 2026। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत वडनगर से वाराणसी तक निकाली जा रही सेवा संकल्प यात्रा में शामिल युवाओं से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए संवाद किया। बातचीत के दौरान उन्होंने यात्रियों से उनके अनुभव, रास्ते में लोगों से हुए संवाद और सेवा गतिविधियों के बारे में जानकारी ली। प्रधानमंत्री ने कहा कि देश के अलग-अलग हिस्सों से गुजरने वाली ऐसी यात्राएं युवाओं को भारत की विविधता, स्थानीय जरूरतों और लोगों की आकांक्षाओं को करीब से समझने का अवसर देती हैं।

सेवा संकल्प यात्रा प्रधानमंत्री के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर शुरू किए गए सेवा संकल्प अभियान का हिस्सा है। यह यात्रा 17 सितंबर से शुरू हुई है और 7 अक्टूबर तक चलने का कार्यक्रम है। यात्रा के दौरान युवा अलग-अलग राज्यों, जिलों, तहसीलों और गांवों से गुजरते हुए स्थानीय लोगों से संपर्क कर रहे हैं तथा जनसेवा से जुड़ी गतिविधियों में भाग ले रहे हैं।

युवाओं की भूमिका पर पीएम मोदी का जोर

संवाद के दौरान प्रधानमंत्री ने विकसित भारत 2047 के लक्ष्य में युवाओं की भूमिका पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आज की युवा पीढ़ी देश के भविष्य के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। उनके अनुसार, युवाओं के लिए जरूरी है कि वे केवल अपने आसपास तक सीमित न रहें, बल्कि देश के अलग-अलग क्षेत्रों और समाज के विभिन्न वर्गों की परिस्थितियों और आकांक्षाओं को समझें।

प्रधानमंत्री ने यात्रियों से कहा कि देश को जमीन पर जाकर समझना भी राष्ट्र निर्माण का हिस्सा है। अलग-अलग राज्यों और क्षेत्रों से गुजरने के दौरान स्थानीय लोगों से बातचीत करने से युवाओं को देश की विविधता और सामाजिक परिस्थितियों को प्रत्यक्ष रूप से समझने का अवसर मिलता है।

सेवा को केवल संदेश नहीं, व्यवहार का हिस्सा बनाने की बात

पीएम मोदी ने सेवा की भावना को व्यवहार और काम से जोड़ने पर भी जोर दिया। उन्होंने यात्रियों से कहा कि सेवा का संदेश केवल भाषणों के माध्यम से देने के बजाय अपने आचरण और कार्यों के जरिए लोगों तक पहुंचाना महत्वपूर्ण है।

उन्होंने कहा कि राजनीति, चुनाव और शासन अपनी जगह हैं, लेकिन राष्ट्र निर्माण के लिए सेवा की भावना महत्वपूर्ण है। उन्होंने सरकारी योजनाओं का उदाहरण देते हुए कहा कि किसी योजना का उद्देश्य केवल धन खर्च करना नहीं, बल्कि उसका लाभ जरूरतमंद और अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना होना चाहिए।

वडनगर और वाराणसी से जुड़ी यात्रा

सेवा संकल्प यात्रा वडनगर और वाराणसी को जोड़ रही है। वडनगर प्रधानमंत्री मोदी की जन्मभूमि से जुड़ा है, जबकि वाराणसी उनका लोकसभा क्षेत्र है। यात्रा के दौरान दोनों दिशाओं में अलग-अलग समूह मोटरसाइकिल से सफर कर रहे हैं।

प्रधानमंत्री ने बातचीत के दौरान दोनों शहरों के अपने व्यक्तिगत जुड़ाव का भी उल्लेख किया। उन्होंने यात्रियों के अनुभव सुनते हुए कहा कि देश के अलग-अलग हिस्सों से होकर गुजरने वाली यह यात्रा युवाओं को समाज और समुदायों को नजदीक से समझने का अवसर देती है।

सफाई से लेकर पौधरोपण तक सेवा गतिविधियां

यात्रा के दौरान प्रतिभागियों की ओर से कई तरह की सामाजिक गतिविधियों में भाग लेने की जानकारी सामने आई है। इनमें स्वच्छता अभियान, पौधरोपण, स्कूलों और अस्पतालों में संपर्क, ग्राम सभा संवाद तथा स्थानीय लोगों और सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों से बातचीत शामिल है।

यात्रा का उद्देश्य केवल एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचना नहीं बताया गया है। आयोजकों के अनुसार, इसके जरिए युवाओं को समाज के अलग-अलग वर्गों से जोड़ने और जनभागीदारी से जुड़ी गतिविधियों में शामिल करने पर जोर दिया जा रहा है।

मध्य प्रदेश के देवास में भी हुआ संवाद

24 सितंबर को मध्य प्रदेश के देवास जिले के पुंजापुरा में भी सेवा संकल्प यात्रा के राइडर्स मौजूद रहे। यहां मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मौजूदगी में यात्रा में शामिल प्रतिभागियों ने प्रधानमंत्री मोदी से वर्चुअल संवाद किया। एक यात्री ने यात्रा के दौरान अलग-अलग राज्यों के युवाओं से मिलने और उनकी भाषाओं व संस्कृतियों को समझने के अनुभव साझा किए।

मध्य प्रदेश में यात्रा का एक बड़ा हिस्सा गुजर रहा है। राज्य सरकार की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, वडनगर-वाराणसी और वाराणसी-वडनगर के बीच चल रही यात्राओं में बड़ी दूरी मध्य प्रदेश में तय की जा रही है।

7 अक्टूबर तक जारी रहेगी यात्रा

सेवा संकल्प यात्रा 17 सितंबर से शुरू हुई थी और इसका समापन 7 अक्टूबर 2026 को प्रस्तावित है। यात्रा के दौरान प्रतिभागी अलग-अलग राज्यों और ग्रामीण क्षेत्रों से गुजर रहे हैं। इस दौरान सेवा, जनसंवाद, सामाजिक गतिविधियों और युवाओं की भागीदारी से जुड़े कार्यक्रम जारी रहेंगे।

प्रधानमंत्री ने संवाद में युवाओं की भागीदारी को विकसित भारत के लक्ष्य से जोड़ते हुए कहा कि देश की युवा शक्ति को सामाजिक जिम्मेदारियों और राष्ट्र निर्माण की गतिविधियों से जोड़ना महत्वपूर्ण है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *