दिनांक: 13 जून, 2026
विशेष ब्यूरो: स्थानीय निकाय और हालिया उपचुनावों के परिणाम आने के बाद देश के राजनीतिक गलियारों में अभूतपूर्व ड्रामा देखने को मिला है। एक तरफ जहां नतीजों के बाद जश्न का माहौल है, वहीं दूसरी तरफ हार-जीत के तनाव के बीच नेताओं के सरेआम आपा खोने, पुलिस के साथ तीखी झड़पों और बयानों की बौछार ने सियासी पारे को सातवें आसमान पर पहुंचा दिया है।
1. पहली ही बॉल पर क्लीन बोल्ड हुए मंत्री जी
चुनावी महादंगल में इस बार सबसे बड़ा उलटफेर सत्ताधारी दल के कद्दावर मंत्री के साथ हुआ। क्षेत्र में अपनी एकतरफा जीत का दावा करने वाले विभागीय मंत्री महोदय को जनता ने पहले ही राउंड की गिनती में ऐसा पछाड़ा कि वे ‘पहली बॉल पर क्लीन बोल्ड’ हो गए। शुरुआती रुझानों से ही पिछड़ने के बाद, अंतिम नतीजों में वे अपने ही गढ़ में एक नए युवा निर्दलीय उम्मीदवार से भारी मतों के अंतर से हार गए। इस करारी शिकस्त को इस बार के चुनाव का सबसे बड़ा ‘पॉलिटिकल शॉक’ माना जा रहा है।
2. विधायक ने मारा थप्पड़, फिर मीडिया के सवालों से भागे
नतीजों के बाद सबसे शर्मनाक और हैरान करने वाली घटना मतगणना केंद्र के बाहर घटित हुई। हार की कगार पर खड़े एक मौजूदा माननीय विधायक जी अपना मानसिक संतुलन खो बैठे।
- आपा खोया: जब मतगणना केंद्र के बाहर एक ऑन-ड्यूटी अधिकारी या सुरक्षाकर्मी ने नियमों का हवाला देकर उनके समर्थकों को अंदर जाने से रोका, तो विधायक जी इस कदर भड़क गए कि उन्होंने सरेआम उस व्यक्ति को जोरदार थप्पड़ जड़ दिया।
- सवालों से भागे: इस घटना के तुरंत बाद जब मीडियाकर्मियों ने विधायक जी को घेरकर थप्पड़ मारने और उनकी दबंगई पर तीखे सवाल पूछने शुरू किए, तो माननीय बिना कोई जवाब दिए अपनी गाड़ी में बैठकर उल्टे पैर भाग खड़े हुए। सोशल मीडिया पर अब यह वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है।
3. पुलिस से भिड़े कांग्रेसी: मतगणना केंद्र पर भारी बवाल
उधर, नतीजों में गड़बड़ी और प्रशासन पर एकतरफा कार्रवाई का आरोप लगाते हुए कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया।
- बैरिकेड्स तोड़े: सैकड़ों की संख्या में कांग्रेसी कार्यकर्ता मतगणना स्थल के मुख्य द्वार पर जमा हो गए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करने लगे।
- पुलिस के साथ झड़प: स्थिति तब नियंत्रण से बाहर हो गई जब प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षा घेरा तोड़कर अंदर घुसने की कोशिश की। पुलिस ने जब उन्हें रोकने के लिए लाठीचार्ज और वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया, तो उग्र कांग्रेसी कार्यकर्ता पुलिसकर्मियों से ही भिड़ गए। इस तीखी झड़प में कई कार्यकर्ताओं और तीन पुलिस जवानों को मामूली चोटें आई हैं।
4. भाजपा ने खाए जीत के लड्डू: ढोल-नगाड़ों के साथ जश्न
विपक्ष के इन हंगामों के बीच, अधिकांश सीटों पर बंपर जीत दर्ज करने के बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के खेमे में दीवाली जैसा माहौल देखने को मिला।
- लड्डू वितरण: पार्टी कार्यालयों के बाहर सुबह से ही ढोल-नगाड़े बजने शुरू हो गए थे। कार्यकर्ताओं और वरिष्ठ नेताओं ने एक-दूसरे को गले लगाकर और ‘जीत के लड्डू’ खिलाकर बधाई दी।
- विपक्ष पर तंज: जीत के जश्न के दौरान भाजपा प्रवक्ताओं ने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि जब विपक्ष हारता है, तो वह अपनी कमियां छुपाने के लिए पुलिस, प्रशासन और ईवीएम से भिड़ने लगता है।
तनावपूर्ण शांति
इस भारी राजनीतिक उथल-पुथल के बाद चुनाव वाले जिलों में सुरक्षा व्यवस्था बेहद सख्त कर दी गई है। थप्पड़ कांड वाले मामले में पुलिस ने पीड़ित की तहरीर पर अज्ञात और माननीय के समर्थकों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। राजनीतिक पंडितों का मानना है कि इस चुनावी नतीजे और उसके बाद हुए ड्रामे का असर आने वाले मुख्य विधानसभा सत्रों में भी देखने को मिलेगा।
