22 मार्च 2026
अभिनेत्री कंगना रनौत ने एक बार फिर बॉलीवुड की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए सुपरस्टार संस्कृति की आलोचना की है। उन्होंने कहा कि फिल्म इंडस्ट्री में अक्सर बड़े अभिनेता निर्देशकों और फिल्म निर्माताओं पर हावी हो जाते हैं, जबकि असल में किसी फिल्म की सफलता के पीछे सबसे बड़ा योगदान निर्देशक का होता है।
इंस्टाग्राम पर रखा अपना पक्ष
कंगना ने अपने इंस्टाग्राम स्टोरी के जरिए बॉलीवुड की शक्ति संरचना पर टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि भारत में कई बार बड़े सितारे फिल्म निर्माताओं को पीछे छोड़ देते हैं और कुछ मामलों में उन्हें दबाने की कोशिश भी करते हैं।
उन्होंने इसकी तुलना हॉलीवुड से करते हुए कहा कि वहां निर्देशक को अभिनेता के बराबर या उससे भी ज्यादा महत्व दिया जाता है।
हॉलीवुड का उदाहरण
कंगना ने अपनी बात को स्पष्ट करने के लिए हॉलीवुड के प्रसिद्ध निर्देशकों स्टीवन स्पीलबर्ग, क्वेंटिन टैरेंटीनो और क्रिस्टोफर नोलन का उदाहरण दिया। उनके मुताबिक, इन निर्देशकों को वहां असली स्टार माना जाता है और फिल्मों की पहचान भी अक्सर उनके नाम से होती है।
आदित्य धर की सफलता की सराहना
कंगना का यह बयान फिल्म ‘धुरंधर 2’ की सफलता के संदर्भ में आया। उन्होंने फिल्म के निर्देशक आदित्य धर की तारीफ करते हुए उन्हें “सुपरस्टार डायरेक्टर” बताया।
कंगना के अनुसार, आदित्य धर की सफलता भारतीय फिल्म उद्योग के लिए एक महत्वपूर्ण क्षण है, क्योंकि इससे युवा पीढ़ी को अभिनय के अलावा निर्देशन और अन्य तकनीकी क्षेत्रों में भी करियर बनाने की प्रेरणा मिल सकती है।
फिल्म निर्माताओं की मुश्किलें
कंगना ने कहा कि फिल्म इंडस्ट्री में निर्देशक और तकनीकी कलाकार अक्सर “ओवरवर्क्ड, अंडरपेड और बुली किए जाने” जैसी परिस्थितियों का सामना करते हैं।
उनका मानना है कि इसी वजह से बहुत कम लोग निर्देशन या सिनेमैटोग्राफी जैसे क्षेत्रों में करियर बनाना चाहते हैं, क्योंकि ज्यादातर लोग अभिनेता बनने की ओर आकर्षित होते हैं।
सोशल मीडिया पर चर्चा
दिलचस्प बात यह रही कि कंगना ने ‘धुरंधर 2’ की तारीफ करते समय फिल्म के निर्देशक का नाम तो लिया, लेकिन इसके मुख्य अभिनेता रणवीर सिंह या अन्य कलाकारों को टैग नहीं किया।
इसके बाद सोशल मीडिया पर चर्चा शुरू हो गई कि क्या यह जानबूझकर किया गया था या सिर्फ एक संयोग था।
निष्कर्ष: कंगना रनौत के इस बयान ने एक बार फिर बॉलीवुड में सुपरस्टार संस्कृति और निर्देशकों की भूमिका को लेकर बहस छेड़ दी है। वहीं उन्होंने आदित्य धर की सफलता को भारतीय फिल्म निर्माताओं के लिए प्रेरणादायक बताया है।

